कूपा रो नीर किन विद सूखे जी भजन लिरिक्स
कूपा रो नीर किन विद सूखे जी, दोहा - संत बडे परमार्थी, और शीतल ज्यारा अंग, तपत बूजावे ओरो की,...
Read moreDetailsकूपा रो नीर किन विद सूखे जी, दोहा - संत बडे परमार्थी, और शीतल ज्यारा अंग, तपत बूजावे ओरो की,...
Read moreDetailsरमो रमो रे भवानी मारी खिमज माँ, खेलो खेलो रे भवानी मारी खिमज माँ, ओ थारा भगत जोवे थारी बाट,...
Read moreDetailsहालो दीवाना यूं कई बैठा, आगे तो मौज मजा की है, साचा गुरू रा साचा चैला, झुठो ने माया खा...
Read moreDetailsपगल्या में थोड़ी पायल पेरले, कानुड़ो नचावे राधा नाचले, नाचले रे राधा नाचले रे, नाचले रे राधा नाचले रे, पगलया...
Read moreDetailsकलश माई कला, नेजा रे माई नूर। दोहा - रामा सामा आवजो, कलजुग बहे रे करू, अरज करू अजमाल रा,...
Read moreDetailsथाने निवण करा मैं बारंबार, मेरी करणी माता अर्ज़ सुनो, अर्जी सुनो मैया विनती सुनो, थानें निवण करा मैं बारंबार,...
Read moreDetailsअरे वंका रे पहाड़ो में, बाबा धूणी परी तापे रे, अरे नोदिये चढे ने मारा, आम्बेसरजी आवे रे।। अरे गला...
Read moreDetailsमन रे मत कर तन की बढ़ाई, बडा बडा योगेशर खपगा, तेरी कोन चलाई, मन मेरा मत कर तन की...
Read moreDetailsप्रेम रस मेहन्दी रंग लागी, दिजो दिजो माताजी रे हाथ, कुलदेवी रे हाथ, प्रेम रस मेहन्दी रंग लागी, माँ प्रेम...
Read moreDetailsचाकर हूँ चरणा रो पिरजी, एड़ी भूल कई राको ई, रात दिन आ दिन ही रात को, अरे बेडी बन्दी...
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