सारे तीरथ धाम आपके चरणों में गुरुदेव भजन लिरिक्स

सारे तीरथ धाम आपके चरणों में,
हे गुरुदेव प्रणाम आपके चरणो में।।



ह्रदय में माँ गौरी लक्ष्मी,

कंठ शारदा माता है,
जो भी मुख से वचन कहे वो,
वचन सिद्ध हो जाता है,
है गुरु ब्रह्मा है गुरु विष्णु,
है शंकर भगवान आपके चरणो में,
हे गुरुदेव प्रणाम आपके चरणो में।।



जनम के दाता मात पिता है,

आप करम के दाता है,
आप मिलाते है ईश्वर से,
आप ही भाग्य विधाता हैं,
दुखिया मन को रोगी तन को,
मिलता है आराम आपके चरणो में,
हे गुरुदेव प्रणाम आपके चरणो में।।



निर्बल को बलवान बना दो,

मूर्ख को गुणवान प्रभु,
‘देवकमल’ और ‘बंसी’ को भी,
ज्ञान का दो वरदान प्रभु,
हे महादानी हे महाज्ञानी,
रहूँ मैं सुबहो श्याम आपके चरणो में,
हे गुरुदेव प्रणाम आपके चरणो में।।



दोहा – कर्ता करे न कर सके,

पर गुरु करे सब होय,
सात द्वीप नौ खंड में,
गुरु से बड़ा ना कोय।।

मैं तो सात समुन्द्र की मसि करूं,
लेखनी सब बन राय,
सब धरती कागज़ करूँ,
पर गुरु गुण लिखा ना जाए।।

सारे तीरथ धाम आपके चरणों में,
हे गुरुदेव प्रणाम आपके चरणो में।।

Singer : Poornima Didi Ji


8 टिप्पणी

  1. गुरुदेव के गुणों को कोई लेखिनी पूर्णरूप लिख सकें ये असम्भव है, फिर सारे भजन हृदयस्पर्शी हैं, लेखकों एवं भजन गायकों को साधुवाद।
    रवि गुलशन,
    भजन गायक एवं लेखक,
    बहराइच, उत्तर प्रदेश
    9918605797

  2. इस भजन को गा कर या सुनकर सीधा तार जुड़ता है…. मेरी गुरु मेरी दादी जी थी… जो आज हमारे बिच नहीं है पर मुझे लगता है वो जरूर मुझे देख रही है

आपको ये भजन कैसा लगा? कृपया प्ले स्टोर से भजन डायरी एप्प इनस्टॉल कीजिये।

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