प्रथम पेज राजस्थानी भजन जग पालनहारी मात मेरी भवतारणी भजन लिरिक्स

जग पालनहारी मात मेरी भवतारणी भजन लिरिक्स

जग पालनहारी मात मेरी भवतारणी,
जग पालनहारी मात मेरी भवतारनी,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की,
धोरां धरती मरुधर भूमि,
आवे देवता इन धरती पर,
अवतार लियो है मात भवानी आय जी,
आ जन्म भोम है गाँव जोगीदा माय जी,
जग पालनहारी मात मेरी भवतारनी,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की।।



जोगीदा में आप पधारीया,

भगता रे इतकार आया,
भाटी कुल मे जन्म लियो माँ,
जैसलमेर सब खुश हुवो माँ,
ओ जय जयकारी हुई चारो वासा,
ओ मेरी कल्याण कर मेरी माता,
आ महर करो मेरी मैया भाग जगाय,
महर करो मेरी मैया भाग जगाय,
ओ माजीसा धोरां धरती मे आप आया,
पडे परचा भारी किरत गूंजे मेरी मात की,
जग पालनहारी मात मेरी भव तारनी,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की।।



जसोल गढ़ राठौड़ बिराजे,

परण पधारीया आप यहाँ पे,
मालानी मे नाम है चावो,
भटियाणी माँ आप बिराजो,
ऊंचो मन्दिर देवरो माँ,
ऊंचो मन्दिर देवरो थारी,
ध्वजा फरूके भारी माजीसा थारी,
महिमा जग में भारी,
माजीसा थारी महिमा जग में भारी,
घणी खम्मा माँ भटियाणी,
घणी घणी खम्मा माजीसा,
आवे मारवाड़ गुजरात ध्यावे म्हारी मावडी,
जग पालनहारी मात मेरी भव तारनी,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की।।



भगता रा माँ कष्ट मिटाया,

मास भादवे मेले आया,
जसोल गढ़ में आप बिराजो,
भगता रे मन आप समाया,
रंग लागो जी म्हाने कोड लागो,
रंग लागो जी म्हाने कोड लागो रे,
म्हाने जाणो रे म्हाने जाणो रे,
जसोल वाले धाम,
म्हारा मनवा रंग लागो,
इन कलयुग मे है महर घणी मेरी मात की,
जग पालनहारी मात मेरी भव तारनी,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की।।



माजीसा ने जो कोई ध्यावे,

मन इच्छा फल ओ तो पावे,
मोत्या वाली मात भवानी,
रक्षा किजो जग कल्याणी,
मै तो आया थारे द्वार,
मैया किजो म्हारी सहाय,
मै तो आयो थारे द्वार,
मैया किजो म्हारी सहाय,
थारे भगता रे बुलाया वेगा आवजो,
मैया तेरस वाली रात घूमर गालजो,
ओ तो ‘श्याम पालीवाल’ गाय सुनावे मावडी,
जग पालनहारी मात मेरी भव तारनी,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की।।



जग पालनहारी मात मेरी भवतारणी,

जग पालनहारी मात मेरी भवतारनी,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की,
धोरां धरती मरुधर भूमि,
आवे देवता इन धरती पर,
अवतार लियो है मात भवानी आय जी,
आ जन्म भोम है गाँव जोगीदा माय जी,
जग पालनहारी मात मेरी भवतारनी,
आ धरती है माँ शक्ति स्वरूपा मात की।।

गायक – श्याम पालीवाल जी।
प्रेषक – मनीष सीरवी।
(रायपुर जिला पाली राजस्थान)
9640557818


कोई टिप्पणी नही

आपको ये भजन कैसा लगा? कृपया प्ले स्टोर से भजन डायरी एप्प इनस्टॉल कीजिये।

अपनी टिप्पणी लिखें
अपना नाम दर्ज करें

error: कृपया प्ले स्टोर से \"भजन डायरी\" एप्प डाउनलोड करे।