सैया सतगुरूजी ने देख्या जी नवल साहेब भजन

सैया सतगुरूजी ने देख्या जी,
आज रो भलाई दिन उगियो,
गुरू माने दर्शन दीना जी।।



आज सैया आंबों मोरियो,

सतगुरु सायब आया जी,
गुण भर लाया निज नाम री,
लद बालद लाया जी,
सैयां सतगुरूजी ने देख्या जी।।



अली गली में रूल आवना,

सुख आनंद बदास्या जी,
सुख रा सागर गुरुदेव जी,
दर्शन सुख पास्या जी,
सैयां सतगुरूजी ने देख्या जी।।



प्रीता रा पलंग ढलाय ने,

सुखमण सेज बिछास्या जी,
दूध मंगावा सुर गाय रो,
गुरु जी रा चरण धुलवा जी,
सैयां सतगुरूजी ने देख्या जी।।



थाल भरावा गज मोतिया,

चोखा चंदन लावा जी,
केसर कंकू घोलने,
गुरु जी रे तिलक लगावां जी,
सैयां सतगुरूजी ने देख्या जी।।



हरक उतारा हर की आरती,

गुरूजी ने हरक बदस्या जी,
कहे नावलो सरणों सही,
गुरूजी ने सम्मुख पास्या जी,
सैयां सतगुरूजी ने देख्या जी।।



सैया सतगुरूजी ने देख्या जी,

आज रो भलाई दिन उगियो,
गुरू माने दर्शन दीना जी।।

प्रेषक – जयंती लाल।
7732917582