कंचन कांच का बणिया रे हनुमान भजन लिरिक्स
कंचन कांच का बणिया रे हनुमान, चांदी की म्हारी चौथ माता।। कामखेड़ा में पुजाया हनुमान, बरवाड़े म्हारी चौथ माता, कामखेड़ा...
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कंचन कांच का बणिया रे हनुमान, चांदी की म्हारी चौथ माता।। कामखेड़ा में पुजाया हनुमान, बरवाड़े म्हारी चौथ माता, कामखेड़ा...
नित उठ देखूँ सपना माँ रा, मैं दर्शन कद पाऊ मेरी माँ, अम्बे माँ जगदम्बे भवानी, मंदिर बढ़ो सवायौ।। विरात्रा...
मटकी को तो माखन खा गयो रे, मारा ताला ने तोड़ायो, मारा छीका ने तोडायो, मारा ताला ने तोडायो, मारा...
दे दे बाबा मुझको ये वर, सेवा तुम्हारी करूँ उम्र भर, जीवन ये बीते शरण में तेरी, छूटे कभी ना...
तुमने जिसको दिया सहारा, उसको मिला किनारा है, क्या कहने उसके जीवन के, उसके तो पौ बारह है, तुमने जिसकों...
जबसे खाटू वाले ने सहारा दिया, तबसे हर दुःख ने मुझसे किनारा किया, है कमी मेरे घर में अब तो...
मैया के चरणों में, झुकता है संसार, तीनों लोक में होती, माँ तेरी जय जयकार।। तर्ज - सावन का महीना।...
आनंद बरस रयो बरसाने, भवन में राधा जन्मी आज, आनंद बरस रयो वृषभानु, भवन में लाली जन्मी आज, राधा जन्मी...
जब जब देखूं दादी तुमको, आता है ये ख्याल क्यों, नजरे उतार दूँ नजरे उतार दूँ।। भोला भाला चाँद सा...
दुनिया ने दिल दुखाया, गोविन्द काम आया, आंसू ना रोक पाया, आंसू ना रोक पाया, बाहों में जब उठाया, दुनियाँ...
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