बड़ी प्यारी लागे,
तू सिंह चड़ी माँ,
तेरी लाल चुनरी,
सितारों जड़ी माँ,
ये श्रद्धा के फूलों,
की माला पिरोकर,
तेरा दर्श पाने,
को दुनिया खड़ी माँ,
बडी प्यारी लागे,
तू सिंह चड़ी माँ,
तेरे कंठ माला है,
हिरे जड़ी माँ,
ले पूजा की थाली में,
पावन सी ज्योति
तेरी आरती को,
ये दुनिया खड़ी माँ,
बडी प्यारी लागे,
तू सिंह चड़ी माँ,
तेरी लाल चुनरी,
सितारों जड़ी माँ।bd।
तर्ज – अगर आसमां तक।
तू ही करुणासिन्धु,
तू ही पाप हननी,
शिवा आदिशक्ति,
तू ही दुष्ट दमनी,
महाकाली भी तू,
तू अन्नपूर्णा भी,
तू ही योगमाया माँ,
तू चंडिका भी,
तू शाकम्भरी माँ,
तुम्ही शारदा हो,
तू सागरसुता माँ,
सती अम्बिका हो, माँ,,
तेरी तीनों लोकों में,
महिमा बड़ी माँ,
बड़ी प्यारी लागे,
तू सिंह चड़ी माँ।bd।
सदा सत्य बोले,
ये वरदान दे दो,
ना भटके कभी हम,
सच्चा ज्ञान दे दो,
तेरे चरण कमलों से,
लिपटे रहे हम,
सदा नेक राहों पे,
चलते हम,
माँ भक्तों का दामन,
मुरादों से भर दो,
माँ अमृत की पावन,
ही बरसात कर दो, माँ,,
कहाँ रोज आती है,
ऐसी घडी माँ,
बडी प्यारी लागे,
तू सिंह चड़ी माँ।bd।
बड़ी प्यारी लागे,
तू सिंह चड़ी माँ,
तेरी लाल चुनरी,
सितारों जड़ी माँ,
ये श्रद्धा के फूलों,
की माला पिरोकर,
तेरा दर्श पाने,
को दुनिया खड़ी माँ,
बडी प्यारी लागे,
तू सिंह चड़ी माँ,
तेरे कंठ माला है,
हिरे जड़ी माँ,
ले पूजा की थाली में,
पावन सी ज्योति
तेरी आरती को,
ये दुनिया खड़ी माँ,
बडी प्यारी लागे,
तू सिंह चड़ी माँ,
तेरी लाल चुनरी,
सितारों जड़ी माँ।bd।
Singer – Sonu Nigam Ji








