सांवरे के प्यार में मैंने सुध गंवाई है भजन लिरिक्स

सांवरे के प्यार में,
मैंने सुध गंवाई है।

दोहा – साँवरे के प्यार में जिसने,
अपनी सुध गंवाई है,
उसने जीवन में सारी,
खुशियां पाई है।



सांवरे के प्यार में,

मैंने सुध गंवाई है,
देखूं में जिधर देखूं,
दीखता तू दिखाई है,
दीखता तू दिखाई है,
साँवरे के प्यार में,
मैंने सुध गंवाई है।bd।

तर्ज – जिंदगी की राहों में।



दुनिया के आगे बाबा,

रोया ही रोया था,
दुनिया के आगे बाबा,
रोया ही रोया था,
तूने आंसुओ को बाबा,
मोती बनाए है,
देखूं में जिधर देखूं,
दीखता तू दिखाई है,
साँवरे के प्यार में,
मैंने सुध गंवाई है।bd।



अंधेरों ने जिंदगी ये,

मेरी कट रही थी,
अंधेरों ने जिंदगी ये,
मेरी कट रही थी,
तूने आके बाबा मुझको,
राह दिखाई है,
देखूं में जिधर देखूं,
दीखता तू दिखाई है,
साँवरे के प्यार में,
मैंने सुध गंवाई है।bd।



तंज सब कसते थे,

जमाना भी हँसता था,
तंज सब कसते थे,
जमाना भी हँसता था,
‘ऋतिक’ की किस्मत को,
तूने ही संवारी है,
Bhajan Diary Lyrics,
देखूं में जिधर देखूं,
दीखता तू दिखाई है,
साँवरे के प्यार में,
मैंने सुध गंवाई है।bd।



साँवरे के प्यार में,

मैंने सुध गंवाई है,
देखूं में जिधर देखूं,
दीखता तू दिखाई है,
दीखता तू दिखाई है,
साँवरे के प्यार में,
मैंने सुध गंवाई है।bd।

Singer – Ritik yadav


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