राम जपले रे सिया राम जपले भजन लिरिक्स

राम जपले रे सिया राम जपले भजन लिरिक्स

राम जपले रे सिया राम जपले,
म्हारा बालाजी ने दाय घणो आवे रे,
राम सिया राम जपले,
राम जपलें रे सिया राम जपले।।



मिश्री सो मीठो लागे स्वाद चखले,

संकट में यो काम घणो आवे रे,
राम सिया राम जपले,
राम जपलें रे सिया राम जपले।।



थोड़ो नहीं तू बेशुमार जपले,

बिगड़या भी काम बण जावे रे,
राम सिया राम जपले,
राम जपलें रे सिया राम जपले।।



काल कुण देख्यो ‘लहरी’ आज जपले,

पायो जनम सफल हो जावे रे,
राम सिया राम जपले,
राम जपलें रे सिया राम जपले।।



राम जपले रे सिया राम जपले,

म्हारा बालाजी ने दाय घणो आवे रे,
राम सिया राम जपले,
राम जपलें रे सिया राम जपले।।


आपको ये भजन कैसा लगा ? अपने विचार बताएं

अपनी टिप्पणी लिखें
अपना नाम दर्ज करें