खेले राम लला रघुराई दशरथ जी के अंगना में
खेले राम लला रघुराई, दशरथ जी के अंगना में, दशरथ जी के अंगना में, झूले चंदन पलना में, खेलें रामलला ...
Read moreDetailsखेले राम लला रघुराई, दशरथ जी के अंगना में, दशरथ जी के अंगना में, झूले चंदन पलना में, खेलें रामलला ...
Read moreDetailsआरती कीजे श्री राम लला की, रघुनंदन संपूर्ण कला की, आरती कीजे श्री रामलला की।bd। नारायण नर बनकर आए, रघुकुल ...
Read moreDetailsमेरे हृदय में बसने वाले, भगवान के लिए, एक बार तो हाथ उठा लो, प्रभु श्री राम के लिए।। तर्ज ...
Read moreDetailsराजा दशरथ रे दरबार, बाजा बाज रहया, तिथि नवमी मंगलवार, बाजा बाज रहया।। भगवान लियो अवतार, बाजा बाज रहया, प्रगटया ...
Read moreDetailsचैत्र शुक्ल की नवमी, शुभ सन्देशा लाई, अवध नगरिया जन्म लियो, श्री राम रघुराई, सूर्य वंश के सूरज की, महिमा ...
Read moreDetailsमात मोतीयों वाली विराजे, जसोल गढ़ रे माई ओ, सरूप कंवर री सोभा घणेरी, जग में जोत सवाई ओ।। जोगीदास ...
Read moreDetailsबेले आवे भक्तों रे हेले आवे, मायड़ मोतीयों वाली, भक्तों रे हेले आवे।। मालीजी आवे फुलड़ा ल्यावे, रंग बिरंगे फूलों ...
Read moreDetailsलल्ला की बांटो रे बधाई, अवध में श्री राम आये है, राम आये राम आये राम आये है, लल्ला की ...
Read moreDetailsबाल समय में खेलत खेलत, जब सूरज को देखा, आज तलक जीवन में मैंने, ऐसा फल नहीं देखा, हाए राम ...
Read moreDetailsहे लाडली श्यामा, कृपा तुम करती रहो, हम तेरे दीवाने है।। तर्ज - हुस्न पहाड़ों का। तुम हो दयामयी, करुणामयी ...
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