पधारो राधा संग सरकार खुले है मन मंदिर के द्वार भजन लिरिक्स

पधारो राधा संग सरकार,
खुले है मन मंदिर के द्वार,
खुले है मन मंदिर के द्वार,
पधारो राधा संग सरकार,
खुले है मन मंदिर के द्वार।।



यमुना के तट पे मै दौड़ी आऊं,

तेरा दर्शन नित प्रति पाऊं,
कर दर्शन में तेरो प्यारे,
कर दर्शन में तेरो प्यारे,
पुनि पुनि होत निहाल,
खुले है मन मंदिर के द्वार,
खुले है मन मंदिर के द्वार,
पधारों राधा संग सरकार,
खुले है मन मंदिर के द्वार।।



कबसे बाट मै जोए रही हूँ,

तुम संग नैह लगाए रही हूँ,
आजा मोहन रसिया आजा,
आजा मोहन रसिया आजा,
मत करवा इंतजार,
खुले है मन मंदिर के द्वार,
खुले है मन मंदिर के द्वार,
पधारों राधा संग सरकार,
खुले है मन मंदिर के द्वार।।



युगल छवि की अँखियाँ प्यासी,

दर्शन देजा ओ ब्रज वासी,
तुम बिन सुना सुना लागे,
तुम बिन सुना सुना लागे,
ये सारा संसार,
खुले है मन मंदिर के द्वार,
खुले है मन मंदिर के द्वार,
पधारों राधा संग सरकार,
खुले है मन मंदिर के द्वार।।



पधारो राधा संग सरकार,

खुले है मन मंदिर के द्वार,
खुले है मन मंदिर के द्वार,
पधारो राधा संग सरकार,
खुले है मन मंदिर के द्वार।।


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