प्रथम पेज प्रकाश माली भजन मिन्दर थारो सोवनो ब्रम्हाणी ओ भजन लिरिक्स

मिन्दर थारो सोवनो ब्रम्हाणी ओ भजन लिरिक्स

मिन्दर थारो सोवनो ब्रम्हाणी ओ,

दोहा – देवा मे देवी बडी,
बडी है ब्राम्हणी मात,
हाथ जोड अरज करूँ,
मैया करजो म्हारी सहाय।

मिन्दर थारो सोवनो ब्रम्हाणी ओ,
मिन्दर थारों सोवनो ब्रम्हाणी ओ,
आ जागी जगमग ज्योत माँ ब्रम्हाणी ओ,
आ जागी जगमग ज्योत माँ ब्रम्हाणी ओ।।



नव नव आया नोरता ब्रम्हाणी ओ,

नव नव आया नोरता ब्रम्हाणी ओ,
थारे आवे भगत दरबार जग रखवाली ओ,
थारे आवे भगत दरबार जग रखवाली ओ।।



सोनाला रे मायने ब्रम्हाणी ओ,

सोनाला रे मायने ब्रम्हाणी ओ,
आवे नर और नार ज्योतावाली ओ,
आवे नर और नार ज्योतावाली ओ।।



हंस सवारी आपरे ब्रम्हाणी ओ,

हंस सवारी आपरे ब्रम्हाणी ओ,
थारे मीठा लागे भोग माँ ब्रम्हाणी ओ,
थारे मीठा लागे भोग माँ ब्रम्हाणी ओ।।



ब्रम्हा विष्णु आपने महारानी ओ,

ब्रम्हा विष्णु आपने महारानी ओ,
हरदम सिवरे आय माँ ब्रम्हाणी ओ,
हरदम सिवरे आय माँ ब्रम्हाणी ओ।।



श्वेत वेश आपरे ब्रम्हाणी ओ,

श्वेत वेश आपरे ब्रम्हाणी ओ,
थारे वीणा तन्दुरा हाथ माँ ब्रम्हाणी ओ,
थारे वीणा तन्दुरा हाथ माँ ब्रम्हाणी ओ।।



चार वेद माँ कंठ किया ब्रम्हाणी ओ,

चार वेद माँ कंठ किया ब्रम्हाणी ओ,
चारा वेदा रो किनो ग्यान माँ ब्रम्हाणी ओ,
चारा वेदा रो किनो ग्यान माँ ब्रम्हाणी ओ।।



रमेश भण्डारी री सेवना ब्रम्हाणी ओ,

रमेश भण्डारी री सेवना ब्रम्हाणी ओ,
भवसु किजो पार माँ ब्रम्हाणी ओ,
भवसु किजो पार माँ ब्रम्हाणी ओ।।



मिन्दर थारों सोवनो ब्रम्हाणी ओ,

मिन्दर थारों सोवनो ब्रम्हाणी ओ,
आ जागी जगमग ज्योत माँ ब्रम्हाणी ओ,
आ जागी जगमग ज्योत माँ ब्रम्हाणी ओ।।

गायक – प्रकाश माली जी।
प्रेषक – मनीष सीरवी
9640557818


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