प्रथम पेज राजस्थानी भजन मैं तो आया थारे द्वारे म्हारी राखो लाज जी

मैं तो आया थारे द्वारे म्हारी राखो लाज जी

मैं तो आया थारे द्वारे,
म्हारी राखो लाज जी,
म्हारे किल्ले को यो देव,
गजानन्द पालनहार जी,
थारी शरण में आयो मारो परिवार जी,
ओ मारो किल्ले वाळो बाबो,
मारो पालनहार जी।।



रणतभँवर में थारो धाम निरालो,

कई डर है जद तू है रखवालो,
ओ थारा टाबर हाँ मैं बाबा,
माँसु राखो प्यार जी,
ओ मारो किल्ले वाळो बाबो,
मारो पालनहार जी।।



ओ भगत दीवाना थारा दरबार आवे,

मोदक रो थारे भोग लगावे,
ओ काटे काया रा सब रोग,
मारो तारणहार जी,
ओ मारो किल्ले वाळो बाबो,
मारो पालनहार जी।।



भादवा री चौथ चांदनी मेलो भारी लागे,

देवे परिक्रमा गणपति रंग थारो लागे,
ओ ज्योति चरणां धोक लगावे,
मनसा शरणे आय जी,
ओ मारो किल्ले वाळो बाबो,
मारो पालनहार जी।।



मैं तो आया थारे द्वारे,

म्हारी राखो लाज जी,
म्हारे किल्ले को यो देव,
गजानन्द पालनहार जी,
थारी शरण में आयो मारो परिवार जी,
ओ मारो किल्ले वाळो बाबो,
मारो पालनहार जी।।

गायिका – ज्योति गौतम माधोपुर।
प्रेषक – मनसा जसनगर
9783836465


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