जब साथ में है श्याम तो किस बात का डर है लिरिक्स

जब साथ में है श्याम,
तो किस बात का डर है,
माना की है भव गहरा,
कठिन उसका सफर है,
जब साथ में हैं श्याम,
तो किस बात का डर है।।



जबसे लगी है दिल को मेरे,

श्याम की लगन,
तबसे मेरी आँखों में बसा,
खाटू नगर है,
जब साथ में हैं श्याम,
तो किस बात का डर है।।



क्या चीज बंदगी है,

पता तब चला मुझे,
श्री श्याम की चौखट पे झुका,
जब मेरा सर है,
जब साथ में हैं श्याम,
तो किस बात का डर है।।



वो दानी है वरदानी,

दयालु है कृपालु,
जो मांगने वाले है,
उन्हें इसकी खबर है,
जब साथ में हैं श्याम,
तो किस बात का डर है।।



जब साथ में है श्याम,

तो किस बात का डर है,
माना की है भव गहरा,
कठिन उसका सफर है,
जब साथ में हैं श्याम,
तो किस बात का डर है।।

Singer – Sonu Rajasthani