हम परदेसी फकीर कोई दिन याद करोगे भजन लिरिक्स

हम परदेसी फकीर कोई दिन याद करोगे भजन लिरिक्स

हम परदेसी फकीर,
कोई दिन याद करोगे,
भजले श्री रघुवीर,
कोई दिन याद करोगे,
हम परदेसी फकीर,
कोई दिन याद करोगे।।



इस सत्संग को भूल ना जाना,

सत्संग में तुम प्रतिदिन जाना,
करलो अरज मंजूर,
कोई दिन याद करोगे,
हम परदेसी फकीर,
कोई दिन याद करोगे।।



कोई दुखिया दुःख से रोवे,

कोई सुखिया चैन से सोवे,
साधु भजे रघुवीर,
कोई दिन याद करोगे,
हम परदेसी फ़क़ीर,
कोई दिन याद करोगे।।



मात पिता और भाई बहना,

भूल चूक की माफ़ी देना,
मैं हूँ तुच्छ शरीर,
कोई दिन याद करोगे,
हम परदेसी फ़क़ीर,
कोई दिन याद करोगे।।



हम परदेसी फकीर,

कोई दिन याद करोगे,
भजले श्री रघुवीर,
कोई दिन याद करोगे,
हम परदेसी फ़क़ीर,
कोई दिन याद करोगे।।

इसी भजन के,
दूसरे बोल इस प्रकार है –

हम परदेसी फ़कीर
हमें याद करोगे।।



रमता जोगी बहता पानी,

उनकी महिमा कौन न जानी
बांध सके न ज़ंजीर,
हमें याद करोगे,
हम परदेसी फ़कीर
हमें याद करोगे।।



कहाँ रम जाना कहाँ है ठिकाना,

आज यहाँ रहना कल चले जाना
अब तो हुए बेतीर,
हमें याद करोगे,
हम परदेसी फ़कीर
हमें याद करोगे।।



हाथ कमंडल,

बगल में झोला,
दसों दिशा जागीर,
हमें याद करोगे,
हम परदेसी फ़कीर
हमें याद करोगे।।



भजन बिना,

सुना जीवन,
कह गए दास कबीर,
हमें याद करोगे,
हम परदेसी फ़कीर
हमें याद करोगे।।


 

आपको ये भजन कैसा लगा ? अपने विचार बताएं

अपनी टिप्पणी लिखें
अपना नाम दर्ज करें