प्रथम पेज हनुमान भजन हे दुःख भंजन मारुती नंदन हनुमान जी भजन लिरिक्स

हे दुःख भंजन मारुती नंदन हनुमान जी भजन लिरिक्स

हे दुःख भंजन मारुती नंदन,
सुनलो मेरी पुकार,
पवनसुत विनती बारम्बार।। 



अष्ट सिद्धि नवनिधि के दाता २

दुखियो के तुम भाग्य विधाता २
सियाराम के काज संवारे २
मेरा कर उद्धार पवनसुत विनती बारम्बार
हे दुःख भंजन मारुती नंदन।



अपरम पार है शक्ति तुम्हारी २

तुम पर रीझे अवध बिहारी २
भक्ति भाव से ध्याऊँ तोहे २
कर दुखो से पार पवनसुत विनती बारम्बार
हे दुख भंजन मारुती नंदन।



जपु निरन्तर नाम तुम्हारा २

अब नहीं छोड़ू तेरा द्वारा २ 
राम भक्त मोहे शरण में लीजे
भाव सागर से तार पवनसुत विनती बारम्बार
हे दुःख भंजन मारुती नंदन।


हे दुख भंजन मारुती नंदन
सुनलो मेरी पुकार पवनसुत विनती बारम्बार ।

इसी तरह के हजारों भजनों को,
सीधे अपने मोबाइल में देखने के लिए,
भजन डायरी एप्प डाउनलोड करे।

भजन डायरी एप्प


 

4 टिप्पणी

आपको ये भजन कैसा लगा? कृपया प्ले स्टोर से भजन डायरी एप्प इनस्टॉल कीजिये।

अपनी टिप्पणी लिखें
अपना नाम दर्ज करें

error: कृपया प्ले स्टोर से \"भजन डायरी\" एप्प डाउनलोड करे।