छोटो सो गोपाल यो तो मदन गोपाल भजन लिरिक्स

छोटो सो गोपाल यो तो मदन गोपाल भजन लिरिक्स

छोटो सो गोपाल,
यो तो मदन गोपाल,
छोटो सो गोपाल,
यो तो नन्द जी को लाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
माता यशोदा को लाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल,
यशोदा को लाल,
यो तो मदन गोपाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल।।



देवकी माँ की कोख में जन्मा,

कारागृह को त्यागा,
मात यशोदा गोद खिलाए,
भाग्य नन्द का जागा,
ये तो गोकुल का गोपाल,
म्हारो नन्द जी को लाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल,
यशोदा को लाल,
यो तो मदन गोपाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल।।



ठुमक ठुमक पग धरे कन्हैया,

पग पैंजनिया बाजे,
कटी करधनी बाजूबंद और,
मोर मुकुट सिर साजे,
ये तो गोकुल का गोपाल,
म्हारो नन्द जी को लाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल,
यशोदा को लाल,
यो तो मदन गोपाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल।।



ग्वाल बाल संग वन वन डोले,

कान्हा धेनु चराए,
गोपियों के घर चोरी चोरी,
माखन मिश्री खाए,
यो तो भक्तो का प्रतिपाल,
म्हारो नन्द जी को लाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल,
यशोदा को लाल,
यो तो मदन गोपाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल।।



म्हारो नन्द जी को लाल,

यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल,
यशोदा को लाल,
यो तो मदन गोपाल,
यो तो भक्ता के मन भायो,
म्हारो नन्द जी को लाल।।


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