बाबा तेरे भक्तो का तू ही है बस एक सहारा भजन लिरिक्स

बाबा तेरे भक्तो का तू ही है बस एक सहारा भजन लिरिक्स

बाबा तेरे भक्तो का,
तू ही है बस एक सहारा,
तेरे ही भरोसे पे,
है छोड़ा परिवार हमारा,
तू है आसमा,
तू ही अपनी ज़मी,
तूने थामी ज़िंदगी,
तो ना कुछ भी कमी,
शूकर क्या करूँ मैं तेरा।
बाबा तेरे भक्तों का,
तू ही है बस एक सहारा,
तेरे ही भरोसे पे,
है छोड़ा परिवार हमारा
ओ मेरे सांवरे, ओ मेरे सांवरे।।

तर्ज – सच्चिया मोहब्बता वे।



दिल मेरा देता ये गवाह सांवरे,

खुशियों की तू ही है वजह सांवरे,
शूकर क्या करूँ मैं तेरा,
तेरी ही बदौलत है,
बुलंदियों पे आज सितारा,
तेरे ही भरोसे पे,
है छोड़ा परिवार हमारा,
ओ मेरे सांवरे, ओ मेरे सांवरे।।



लफ्जो पे जब से तेरा नाम है,

रोनके ही रोनके सुबह शाम है,
शूकर क्या करूँ मैं तेरा,
रंग तेरा ऐसा चढ़ा,
चढ़े ना कोई रंग दोबारा,
तेरे ही इस रंग में ही,
है रंग गया ‘गोलू’ सारा,
तेरी कृपा से ही चले है,
‘गिन्नी’ का गुज़ारा,
बाबा तेरें भक्तो का,
तू ही है बस एक सहारा,
तेरे ही भरोसे पे,
है छोड़ा परिवार हमारा।।



बाबा तेरे भक्तो का,

तू ही है बस एक सहारा,
तेरे ही भरोसे पे,
है छोड़ा परिवार हमारा,
तू है आसमा,
तू ही अपनी ज़मी,
तूने थामी ज़िंदगी,
तो ना कुछ भी कमी,
शूकर क्या करूँ मैं तेरा।
बाबा तेरे भक्तों का,
तू ही है बस एक सहारा,
तेरे ही भरोसे पे,
है छोड़ा परिवार हमारा
ओ मेरे सांवरे, ओ मेरे सांवरे।।

स्वर – गिन्नी कौर जी।


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