ऐसा हो घर मेरा,
रहे श्याम का डेरा,
और क्या चाहिए,
और क्या चाहिए।bd।
तर्ज – ये रेशमी जुल्फें।
निशदिन दर्शन करूं मैं,
सरकार का,
ऐसा सौभाग्य हो मेरे,
परिवार का,
पूजा आरती वंदन हो,
और साथ में तेरा कीर्तन हो,
और क्या चाहिए,
और क्या चाहिए।bd।
तेरी सेवा मैं बाबा,
करता रहूं,
नाम तेरा मैं हर पल,
रटता रहूं,
रोज करूं तेरा श्रृंगार,
पहनाऊं फूलों के हार,
और क्या चाहिए,
और क्या चाहिए।bd।
तुमसे सुख दुःख मैं अपना,
साझा करूं,
‘साहिल’ जो भी मिले,
सब में बांटा करूं,
छोटे बड़े का हो आदर,
‘सोनी’ रहे तेरा चाकर,
और क्या चाहिए,
और क्या चाहिए।bd।
ऐसा हो घर मेरा,
रहे श्याम का डेरा,
और क्या चाहिए,
और क्या चाहिए।bd।
Singer – Himanshu Soni
Lyrics – Satish Thakur Sahil








