आई पूनम की रात बड़े भागन से शरद पूर्णिमा भजन लिरिक्स

आई पूनम की रात बड़े भागन से,
आज होगी मुलाकात मेरी साजन से,
आयी पूनम की रात बड़े भागन से।।



फिर से बाजेगी उनकी मुरलिया,

छम छम छनकेगी पाँव में पायलिया,
होगी मधुर मधुर बात बड़े भागन से,
आज होगी मुलाकात मेरी साजन से,
आयी पूनम की रात बड़े भागन से।।



आई मिलन की स्वर्णिम बेला,

अजर अमर मेरा पिया अलबेला,
मिली प्रेम की सौगात बड़े भागन से,
आज होगी मुलाकात मेरी साजन से,
आयी पूनम की रात बड़े भागन से।।



मोतियन मांग सजाऊंगी सजनी,

आई आई रे सखी शरद की रजनी,
तान बंसी बजात बड़े भागन से,
आज होगी मुलाकात मेरी साजन से,
आयी पूनम की रात बड़े भागन से।।



महका मधुबन खिल गई कलियाँ,

सज गई ‘चित्र विचित्र’ सब अलियाँ,
आज पकड़ेंगे हाथ बड़े भागन से,
Bhajan Diary Lyrics,
आज होगी मुलाकात मेरी साजन से,
आयी पूनम की रात बड़े भागन से।।



आई पूनम की रात बड़े भागन से,

आज होगी मुलाकात मेरी साजन से,
आयी पूनम की रात बड़े भागन से।।

स्वर – श्री चित्र विचित्र महाराज जी।