अमर लोक कुण जासी गुरासा भजन लिरिक्स
अमर लोक कुण जासी गुरासा, अमर लोक कुण जासी, पांच तत्व री वणी कोटडी़, आ तो विखर जासी गुरूसा, अमर ...
Read moreDetailsअमर लोक कुण जासी गुरासा, अमर लोक कुण जासी, पांच तत्व री वणी कोटडी़, आ तो विखर जासी गुरूसा, अमर ...
Read moreDetailsरमता रमता आवो देवी माँ, जागण दीराऊ थारे नाम रो।। सिंघ सवारी आवो देवी माँ, ज्योत जगावा थारे नाम री, ...
Read moreDetailsआया दीपावली त्यौहार, के दीपक जलाओ रे, आया दीपावली त्योंहार, के दीपक जलाओ रे।। पहले मंदिर में दीप धरेंगे, लक्ष्मी ...
Read moreDetailsमाखन दूँगी रे साँवरिया, थोड़ी बंसी तो बजाय, माखन दूँगी रे, बाँसुरी बजाय मीठी, मुरली तो सुनाय, माखन दूँगी रे, ...
Read moreDetailsधानी चुनरिया ओढ के मैं, नाचू छमाछम मंदिर में, लाज शर्म सब छोड़ कर मैं, नाचू छमाछम मंदिर में।। मीठी ...
Read moreDetailsकुरमुर कुरमुर पगल्या बाजे, दोहा - संत मारी आत्मा, और मैं संतन की देह, रोम रोम में रम रिया प्रभु, ...
Read moreDetailsइस दादा खेडे की, घर घर मे जोत जगे, इसकी दुनिया दिवानी सै, चरणा मे शीश झुके, इस दादा खेड़े ...
Read moreDetailsतेरे भक्तो के जीवन कन्हैया, तेरी रहमत से रोशन हुए है, वर्ना दुनिया में कौन है किसका, यहाँ अपने पराए ...
Read moreDetailsजिस हाल में रखोगे, उस हाल में रह लेंगे, चाहे खुशियाँ मिले या गम, हस हस के सह लेंगे, जिस ...
Read moreDetailsमुझे इक बार तो बाबा, तेरी गोदी में सोने दे, ये दिल भर आया है मेरा, ये दिल भर आया ...
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