माताजी का मंदिर में भरतार नाचुंगी भजन लिरिक्स

माताजी का मंदिर में,
भरतार नाचुंगी जी,
दोनी हाथा में,
चुड़लो सजार नाचुंगी,
दोनी हाथा में,
माताजी का मंदिर मे,
भरतार नाचुंगी जी,
दोनी हाथा में।।



गोरा गोरा हाथ चुड़लो,

हाथी रे दांत को,
माताजी का मंदिरिया में,
डर कही बात को,
खुल खुल जावे म्हारी,
बाजू बंगड़ी जी,
दोनी हाथा में,
चुड़लो सजार नाचुंगी,
दोनी हाथा में,
माताजी का मंदिर मे,
भरतार नाचुंगी जी,
दोनी हाथा में।।



छम छम नाचुं,

पग बांध लेवुं घुघरू,
माताजी को नाम मारा,
हिरदा में सिमरू,
चकरी की माहि,
मैं तो घूम जाऊं,
दोनी हाथा में,
चुड़लो सजार नाचुंगी,
दोनी हाथा में,
माताजी का मंदिर मे,
भरतार नाचुंगी जी,
दोनी हाथा में।।



बीजासण माता थारो,

साचो दरबार है,
नवरात्रा में मैया आवे,
भीड़ अपार है,
चुड़ला पे चुड़लो,
सजार नाचुंगी,
दोनी हाथा में,
चुड़लो सजार नाचुंगी,
दोनी हाथा में,
माताजी का मंदिर मे,
भरतार नाचुंगी जी,
दोनी हाथा में।।



माताजी का मंदिर में,

भरतार नाचुंगी जी,
दोनी हाथा में,
चुड़लो सजार नाचुंगी,
दोनी हाथा में,
माताजी का मंदिर मे,
भरतार नाचुंगी जी,
दोनी हाथा में।।

Singar- Rekha Jangid
Written By – Singer Dev Nagar


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