मैं क़ुर्बान हो गया श्याम भजन लिरिक्स

हारा मैं हारा बाबा मैं हारा,
तूने जिताया बन के सहारा,
तेरा नाम मेरे काम आ गया,
मैं क़ुर्बान हो गया हो गया,
मै क़ुर्बान हो गया,
हारा मैं हारा।।

तर्ज – तू पहचान बन गया।



कैसा ये अपना रिश्ता है बाबा,

जब भी बुलाऊँ तू चला आये,
अब तक लगाईं जिनसे थी यारी,
वो मुझे भूले पर तू निभाई,
मैं नहीं जानू तू ही बता दे,
क्या तुझे मुझ मैं है भा गया,
मै क़ुर्बान हो गया हो गया,
मै क़ुर्बान हो गया,
हारा मैं हारा।।



जब जब गिरा मैं तूने है थामा,

गिरा ना दोबारा ऐसा संभाला,
अवगुण भरा मैं पापी हूँ बाबा,
कर्मो पे मेरे ध्यान न आ डाला,
तुमसे दयालु मैंने ना देखा,
जादू सा मुझपे है छा गया,
मै क़ुर्बान हो गया हो गया,
मै क़ुर्बान हो गया,
हारा मैं हारा।।



ये दुनिया है झूठा सपना,

मुझको ये तूने ज्ञान दिया है,
रहकर तेरे चरणों में बाबा,
एक एक पल सौ पल सा जिया है,
तू ही बना है मेरा हमसफ़र,
अपने दिल की बात आधी गए गया,
मै क़ुर्बान हो गया हो गया,
मै क़ुर्बान हो गया,
हारा मैं हारा।।



हारा मैं हारा बाबा मैं हारा,

तूने जिताया बन के सहारा,
तेरा नाम मेरे काम आ गया,
मैं क़ुर्बान हो गया हो गया,
मै क़ुर्बान हो गया,
हारा मैं हारा।।

Singer & Writer – Aditya Goyal


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