खाटू वाला साँवरिया भक्ता की अरज सुनो भजन लिरिक्स

खाटू वाला साँवरिया,
भक्ता की अरज सुनो,
अरज सुनो जी बाबा,
अरज सुनो,
खाटु वाला साँवरिया,
भक्ता री अरज सुनो।।

तर्ज – नखरालो सांवरियो राधा पे।



एक आस ले श्याम सांवरा,

थारी चौखट आयो,
चोखा चाले या गाडरली,
चरणा शीश नवायो,
म्हारी लेता रिज्यो संभाल,
भक्ता री अरज सुनो,
खाटु वाला साँवरिया,
भक्ता री अरज सुनो।।



जो तू कर दे मेहर सांवरा,

फेर काई को टोटो,
उका चाकर रवे मौज में,
जाको सेठ है मोटो,
टाबरिया री आडी नाल,
भक्ता री अरज सुनो,
खाटु वाला साँवरिया,
भक्ता री अरज सुनो।।



म्हणे छोड़ी जीवन डोरी,

श्याम हवाले थारे,
बिच डूबा या पार लगा तू,
वा मंजूर है म्हाने,
‘राजू’ विनती करे नन्दलाल,
भक्ता री अरज सुनो,
खाटु वाला साँवरिया,
भक्ता री अरज सुनो।।



खाटू वाला साँवरिया,

भक्ता री अरज सुनो,
अरज सुनो जी बाबा,
अरज सुनो,
खाटु वाला साँवरिया,
भक्ता री अरज सुनो।।

Singer – C Chanchal Bhati


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