जब तक हो दादी जीवन मेरा छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा लिरिक्स

जब तक हो दादी जीवन मेरा छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा लिरिक्स

जब तक हो दादी जीवन मेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा,
तेरी सेवा में है अर्पण,
तन मन मेरा,
जबतक हों दादी जीवन मेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा।।

तर्ज – झिलमिल सितारों का।



इतनी किरपा करना,

हरदम इस लायक रहूं मैं,
जब दिल चाहे मेरा तेरे,
ढाढण धाम में आऊं मैं,
जी भर करूँ मैं दर्शन तेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा,
जबतक हों दादी जीवन मेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा।।



मावस की मावस को तेरी,

घर में ज्योत जलाऊं मैं,
और पुरे परिवार के संग में,
तेरी धोक लगाऊं मैं,
भर दे तू खुशियों से आँगन मेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा,
जबतक हों दादी जीवन मेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा।।



अपने सुख दुःख सारे केवल,

तुम को ही बतलाऊं मैं,
तीज त्यौहार सभी मेरे,
तेरे साथ मनाऊं मैं,
छोडू कभी ना दामन तेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा,
जबतक हों दादी जीवन मेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा।।



तेरी सेवा में ही मेरी,

सारी उमर कट जाए,
भूल ना जाऊं तुमको ऐसा,
पल जीवन में ना आए,
‘सोनू’ वो पल हो अंतिम मेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा,
जबतक हों दादी जीवन मेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा।।



जब तक हो दादी जीवन मेरा,

छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा,
तेरी सेवा में है अर्पण,
तन मन मेरा,
जबतक हों दादी जीवन मेरा,
छूटे कभी ना ये ढाढण तेरा।।

Singer – Mulchand Bajaj


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