जब कोई बात बिगड़ जाए तब देगा साथ तेरा वो सांवरा लिरिक्स

जब कोई बात बिगड़ जाए,
जब तू अकेला पड़ जाए,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा,
दुनिया में कोई अपना,
जब तुझको ना नज़र आये,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा।।

तर्ज – जब कोईं बात बिगड़ जाए।



हो तूफानों की रात,

चाहे धूप या बरसात,
वो ना छोड़ेगा साथ,
बाबा कस के पकडे हाथ,
जब कोईं बात बिगड़ जाए,
जब तू अकेला पड़ जाए,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा,
दुनिया में कोई अपना,
जब तुझको ना नज़र आये,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा।।



झूठी दुनिया की रस्में,

जब कुछ भी ना हो बस में,
कह देना इसे मन की,
निभाएगा सारी कसमें,
जब कोईं बात बिगड़ जाए,
जब तू अकेला पड़ जाए,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा,
दुनिया में कोई अपना,
जब तुझको ना नज़र आये,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा।।



जिसने भी किया यकीं,

भरोसा टूटने दिया नहीं,
नहीं ऐसी सरकार कहीं,
‘गिन्नी’ श्याम सा यार नहीं,
जब कोईं बात बिगड़ जाए,
जब तू अकेला पड़ जाए,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा,
दुनिया में कोई अपना,
जब तुझको ना नज़र आये,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा।।



जब कोई बात बिगड़ जाए,

जब तू अकेला पड़ जाए,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा,
दुनिया में कोई अपना,
जब तुझको ना नज़र आये,
तब देगा साथ तेरा वो सांवरा।।

Singer & Writer – Ginny Kaur Ji


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