हे जगवंदन गौरी नंदन भजन लिरिक्स

हे जगवंदन गौरी नंदन भजन लिरिक्स

हे जगवंदन गौरी नंदन,
कर दो भव से पार,
गजानन आया तेरे द्वार,
गजानन आया तेरे द्वार।।

तर्ज – हे दुःख भंजन।



रिद्धि सिद्धि के,

तुम हो स्वामी,
हे गणनायक अंतर्यामी,
गौरी माँ के राज दुलारे,
भक्तो को दो प्यार,
गजानन आया तेरे द्वार,
गजानन आया तेरे द्वार।

हें जगवँदन गौरी नंदन,
कर दो भव से पार,
गजानन आया तेरे द्वार,
गजानन आया तेरे द्वार।।



बुद्धि विवेक के,

तुम हो दाता,
भक्तो के तुम भाग्यविधाता,
भाव भजन से गाउँ तोहे,
मेरा करो उद्धार,
गजानन आया तेरे द्वार,
गजानन आया तेरे द्वार।

हें जगवँदन गौरी नंदन,
कर दो भव से पार,
गजानन आया तेरे द्वार,
गजानन आया तेरे द्वार।।



हे जगवंदन गौरी नंदन,

कर दो भव से पार,
गजानन आया तेरे द्वार,
गजानन आया तेरे द्वार।।

Singer – Avinash karn


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