गूंज उठी जयकार जगत में,
खोली के तपधारी,
आज तलक ना तेरे दर से,
खाली गया भीखारी।।
सारी दुनिया सुख से सोवं,
मैं संकट ने घेर लिया,
कोई सहारा देता ना अब,
सब ने मुखड़ा फेर लिया,
हार लिया मैं रोते-रोते,
देख मुझे एक बारी,
आज तलक ना तेरे दर से,
खाली गया भीखारी।।
करण हार करतार तुम्हारी,
कहा तक करू बड़ाई मैं,
एक पल में तू शिखर चढादे,
पल में गेरे खाई में,
तेरी इस माया के आगे,
झुकती दुनिया सारी,
आज तलक ना तेरे दर से,
खाली गया भीखारी।।
होनहार बलवान कहे सब,
इस से हर कोई हारा से,
पर जो तेरी शरण में आया,
उस को तुम ने तारा से,
ये केसा खैल तुम्हारा है,
कोई समझा ना गिरिधारी,
आज तलक ना तेरे दर से,
खाली गया भीखारी।।
ऋषि मुनि और संत महात्मा,
तेरा ध्यान लगाते है,
तीन लोक के नाथ तुम्हारी,
सब ही महिमा गाते हैं,
सुरेन्द्र सिंह का गांव निठौरा,
तेरे चरणों में बलिहारी,
आज तलक ना तेरे दर से,
खाली गया भीखारी।।
गूंज उठी जयकार जगत में,
खोली के तपधारी,
आज तलक ना तेरे दर से,
खाली गया भीखारी।।
गायक – सुरेन्द्र सिंह निठौरा।
09999641853








