छमक मन्दरिया में ब्रह्माणी म्हारी भजन लिरिक्स

छमक मन्दरिया में,
नाचे रे ज्वाला म्हारी,
छमक मन्दरिया मे,
नाचे रे हा हां।।



सोरसन पूजवागी रे ब्रह्माणी रे,

माताजी म्हारी,
सोरसन पूजवागी हा हां।।



बरडा के बीचे रे पूजवागी रे,

ब्रह्माणी माता,
बरडा के रे बीचे हा हां।।



माताजी बेगी बेगी आजा रे,

मन्दिर माही,
माताजी बेगी बेगी आजा रे,
मन्दिर माही,
लाडू को भोग रे लागे,
माताजी थारे,
लाडू को यो भोग,
लाडू को भोग रे लागे,
ब्रह्माणी थारे,
लाडू को भोग।।



काला गोरा जी,

पूजवा गया रे मन्दरिया में,
काला तो गोराजी हा हां।।



बारह तो भोलानाथ रे,

माताजी म्हारी हा हां।।

खाड़ा को न्हाण भरे,
छे जगदम्बा थारो,
सांगोद क माही हा हां।।



सोरती भरे छे रे,

जगदम्बा के मन्दिर माही,
सोरती भरे छे हा हां।।



अक्षिता गावे छे भजन,

जगदम्बा थारो,
अक्षिता गावे छे,
म्यूजिक साजिद बजावे छे,
मन्दिर माही हां।।



छमक मन्दरिया में,

नाचे रे ज्वाला म्हारी,
छमक मन्दरिया मे,
नाचे रे हा हां।।

गायिका – अक्षिता रावल।
प्रेषक – प्रमोद नागर।
9828793332


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