नाथजी शरण कमल बलिहारी शांतिनाथ जी भजन
नाथजी शरण कमल बलिहारी, दोहा - शांतिनाथ जी को ध्यावसी, और होसी आनंद उत्साह, हाथ जोड़ विनती करा, पडा मै...
नाथजी शरण कमल बलिहारी, दोहा - शांतिनाथ जी को ध्यावसी, और होसी आनंद उत्साह, हाथ जोड़ विनती करा, पडा मै...
मधुर सुर बोल रे कागा, मीरा रो मन राम से लागा, गुरु मिठो बोल रे कागा, बाई रो मन राम...
जन मानस में गूंज रहा है, जय श्री राम जय श्री राम, प्राणो का आधार बना है, जय श्री राम...
ॐ जय गंगे माता, श्री जय गंगे माता, जो नर तुमको ध्याता, मन वांछित फल पाता, ॐ जय गँगे माता।।...
एक बार तुम दर्शन दे दो, शिव शंकर भगवान, रात दिन धरूँ तुम्हारो ध्यान, रात दिन धरूँ तुम्हारो ध्यान, ऋषि...
कोयल वाणी बोल रे कागा, दोहा - कागा किसका धन हरे, कोयल किसको दे, अरेे मीठी वाणी बोल के, वा...
घायल कर गया ओ गुरूजी म्हानें, दोहा - सतगुरु मेरी आत्मा, मै संतो री देह, रोम रोम में रमरया, गुरू...
हंसा नजर नही आया प्रेम गुरू, अंत नजर नहीं आया, हंसा नजर नहीं आया प्रेम गुरू, अंत नजर नहीं आया,...
सतगुरू हाथ धरीया सिर उपर, सही-सही नाम सुणाया है, अमर जड़ी रा पिया प्याला, तोही-तोही तार मिलाया है, लिया भेख...
सजा दो घर को गुलशन सा, अवध में राम आए है, अवध मे राम आए है, मेरे सरकार आए है,...
© 2016-2025 Bhajan Diary