माँ की महिमा सब ही सुनाते मैं बतलाऊं क्या है पिता लिरिक्स
माँ की महिमा सब ही सुनाते, मैं बतलाऊं क्या है पिता, रोटी कपड़ा और मकान, परिवार का सारा जहाँ है...
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माँ की महिमा सब ही सुनाते, मैं बतलाऊं क्या है पिता, रोटी कपड़ा और मकान, परिवार का सारा जहाँ है...
जिनको है बेटियाँ, वो ये कहते है, परियो के देश में, वो तो रहते है, घर को जन्नत का, नाम...
चाँद से प्यारी दादी माँ, जग से निराली है दादी माँ, उस घर में खुशहाली आए, जिस घर में हो...
ये प्रभु का ही वरदान है, माँ पिता मेरे भगवान है, सारा जीवन है अर्पण तुम्हे, आप में ही मेरे...
पापा को पाया तो, रब को पाया है, पापा की छाया में, दिल का चैन पाया है, ये कैसा रिश्ता...
नहीं मैं मांगू जहाँ की दौलत, ना चाहूँ मैं सोना और चांदी, बस एक लक्ष्मी सी बेटी देना, यही दुआ...
सच्चे ना सही झूठे ही सही, आख़िर तो तेरे दीवाने है।। पहले तो बनाया था अपना, फिर मुखड़ा कैसे मोड़...
मिला दो श्याम से उधो, तेरा गुण हम भी गाएंगे।। मुकुट सिर मोर पंखन का, मकर कुण्डल है कानों में,...
अरे लंका वालो, रावण से कह दो। तर्ज - ये माना मेरी जा। दोहा - कह दो कह दो रावण...
हे संकट मोचन करते है वंदन, तुम्हरे बिना संकट कौन हरे, सालासर वाले तुम हो रखवाले, तुम्हरे बिना संकट कौन...
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