रींगस के उस मोड़ पे श्याम भजन लिरिक्स

आ गया मैं दुनियादारी,
सारी बाबा छोड़ के,
लेने आजा खाटू वाले,
रींगस के उस मोड़ पे,
लेने आजा खाटू वाले,
रींगस के उस मोड पे।।



हार गया मैं इस दुनिया से,

अब तो मुझको थाम ले,
कहा मुझे किसी श्याम भगत ने,
बाबा का तू नाम ले,
अपने पराये छोड़ गए सब,
दिल मेरा ये तोड़ के,
लेने आजा खाटू वाले,
रींगस के उस मोड पे।।



तीन बाण के कलाधारी,

कला मुझे भी दिखा दे तू,
जैसे दर्शन सबको देता,
वैसे मुझे करा दे तू,
अब मैं खड़ा हूँ द्वार तुम्हारे,
दोनों हाथ जोड़ के,
लेने आजा खाटू वाले,
रींगस के उस मोड पे।।



मैं ना जानू पूजा अर्चन,

तुझको अपना मान लिया,
तू ही दौलत तू ही शोहरत,
इतना बाबा जान लिया,
अपना बना ले इस ‘मित्तल’ को,
दिल को दिल से जोड़ के,
लेने आजा खाटू वाले,
रींगस के उस मोड पे।।



मुझको है विश्वास मुझे तू,

इक दिन बाबा तारेगा,
तुझ पे भरोसा करने वाला,
जग में कभी ना हारेगा,
जिनपे किया भरोसा मैंने,
छोड़ गए वो रोड़ पे,
लेने आजा खाटू वाले,
रींगस के उस मोड पे।।



आ गया मैं दुनियादारी,

सारी बाबा छोड़ के,
लेने आजा खाटू वाले,
रींगस के उस मोड़ पे,
लेने आजा खाटू वाले,
रींगस के उस मोड पे।।

Singer – Kanhiya Mittal Ji