पर्व पर्युषण द्वार पे आये अंतर मन से वधाओं रे
पर्व पर्युषण द्वार पे आये, अंतर मन से वधाओं रे, श्रद्धा भक्ति प्रेम सहित, ये पर्व पर्युषण मनाओ रे, पर्व ...
Read moreDetailsपर्व पर्युषण द्वार पे आये, अंतर मन से वधाओं रे, श्रद्धा भक्ति प्रेम सहित, ये पर्व पर्युषण मनाओ रे, पर्व ...
Read moreDetailsसंवत्सरी का शुभ दिन है ये, आओ करले क्षमापना, मैत्री भाव की भावना रखकर, करो खमत खामणा, दिल में हो ...
Read moreDetailsपर्वो में पर्युषण, हम जैनो की शान, धर्म ध्यान और क्षमादान का, पर्व ये बड़ा महान, श्वेताम्बर दिगम्बर हो, करते ...
Read moreDetailsबालाजी तेरा सजा दिया दरबार, ज्योत पे आना होगा हो।। तर्ज - हेरी मेरी मैया शेरावाली। दीन दुखी के तुम ...
Read moreDetailsगौरी सुत गणराज आज, मोरी नैया पार लगा देना।। देखे - गौरी के नंदा। सबसे पहले थाने सिमरु, प्रथम निमंत्रण ...
Read moreDetailsऐसी कृपा करो श्री राधे, दीजो वृन्दावन को वास, वृन्दावन को वास, दीजो हरि भगतन को साथ, वृन्दावन को वास, ...
Read moreDetailsराधिका बुलाती है, श्याम तुम आ जाना, बांसुरी बजाके कान्हा, तान तो सुना जाना, राधे संग कान्हा जी, गीत गुनगुना ...
Read moreDetailsआजा हो घाटे आले, तेरी ज्योत जगाई सै, कद का देखूं बाट, तनै कित देर लगाई सै।। संकट बैरी बालाजी, ...
Read moreDetailsरूप ना देख्यो ऐसो, जग सारा घुमिया, हो देख थाने बाबोसा, दीवानी हुई दुनिया।। तर्ज - जब देखु बना री ...
Read moreDetailsआना आना ओ कन्हैया, मेरे हृदय में आ जाना, मेरे हृदय में बस कर के मोहन, मेरे दिल में समा ...
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