मैंहदीपुर मैं ईलाज होवै भक्तों हर एक बिमारी का

मैंहदीपुर मैं ईलाज होवै भक्तों हर एक बिमारी का

मैंहदीपुर मैं ईलाज होवै,
भक्तों हर एक बिमारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का।।



मैंहदीपुर मैं जाके नै जो,

सच्ची हाजिरी लावै सै,
बालाजी फेर सारे संकट,
पल में दूर भगावै सै,
बाला जी पै झगड़ा मिटता,
भक्तों थारी म्हारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का।।



संकट बैरी जब भी सतावै,

भक्तों जब मजबूर करै,
लेकै हाथ में सोटा बाबा,
सबके दुखडे दुर करै,
मां अंजनी का लाल ख्याल यो,
करता दूनिया सारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का।।



कोए चेतक कोए मोटरसाइकिल,

कोए फरारी मांगै सै,
तेरा दास तो बाला जी ईब,
कृपा थारी मांगै सै,
राकेश कुमार तुं मजा लूट ले,
नौकरी सरकारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का।।



मैंहदीपुर मैं ईलाज होवै,

भक्तों हर एक बिमारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का,
वो संकट काट रहा,
बाला जी दूनियां सारी का।।

– लेखक एवं गायक –
राकेश कुमार 9815421374


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