कीर्तन की है रात भेरुजी आज थाने आणो है

कीर्तन की है रात भेरुजी आज थाने आणो है

कीर्तन की है रात भेरुजी,
आज थाने आणो है,
थाने वचन निभानो है,
जागण की है रात भेरुजी,
आज थाने आणो है।।



दरबार भैरूजी,

ऐसो सज्यों प्यारों,
भैरूजी आपको,
सेवा में टाबरिया,
सगला खड़ा दिखे,
हुकुम बस आप को,
सेवा में थारी,
म्हाने आज बिछ जानो है,
थाने वचन निभानो है,
जागण की है रात भेरुजी,
आज थाने आणो है।।



कीर्तन की है तैयारी,

कीर्तन करा जमके,
भैरूजी क्यूं देर करो,
वादों थारो दाता,
कीर्तन में आणे को,
घणी क्यूं देर करो,
भजना सु थाने,
भैरूजी आज रिझानो है,
थाने वचन निभानो है,
जागण की है रात भेरुजी,
आज थाने आणो है।।



जो कुछ बणयो म्हासूं,

अर्पण करा थाने,
प्रभु स्वीकार करो,
नादान सु गलती,
होती ही आयी है,
प्रभु मति ध्यान धरों,
ये भक्त भैरूजी,
थारा दास पुराना है,
थाने वचन निभानो है,
जागण की है रात भेरुजी,
आज थाने आणो है।।



कीर्तन की है रात भेरुजी,

आज थाने आणो है,
थाने वचन निभानो है,
जागण की है रात भेरुजी,
आज थाने आणो है।।

प्रेषक – पवन कुमावत।


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