प्रथम पेज उमा लहरी भजन जग घूम लिया सारा मैंने तेरे जैसा कोई और नहीं भजन लिरिक्स

जग घूम लिया सारा मैंने तेरे जैसा कोई और नहीं भजन लिरिक्स

जग घूम लिया सारा मैंने,
तेरे जैसा कोई और नहीं,
दातार कई देखे मैंने,
दातार कई देखे मैंने,
यूँ झोली भरता कोई नहीं,
जग घुम लिया सारा मैंने,
तेरे जैसा कोई और नहीं।।



जब से मैं तेरे दर आया हूँ,

चाहा जो मैंने सब पाया हूँ,
चाहा जो मैंने सब पाया हूँ,
क्युँ और कहीं जाऊ बाबा,
तेरे सिवा ठिकाना ठोर नहीं,
दातार कई देखे मैंने,
दातार कई देखे मैंने,
यूँ झोली भरता कोई नहीं,
जग घुम लिया सारा मैंने,
तेरे जैसा कोई और नहीं।।



नाम तेरा लेता रहता हूँ,

जैसे चलाये मैं चलता हूँ,
जैसे चलाये मैं चलता हूँ,
थामे रहना पकड़े रहना,
तुम छोड़ना मेरी डोर नहीं,
दातार कई देखे मैंने,
दातार कई देखे मैंने,
यूँ झोली भरता कोई नहीं,
जग घुम लिया सारा मैंने,
तेरे जैसा कोई और नहीं।।



ओ रे सुंदर श्याम सलोने,

बस गया दिल के कौने कौने,
बस गया दिल के कौने कौने,
‘लहरी’ मर्जी कहो मजबूरी,
इस दिल पे चलता जोर नहीं,
दातार कई देखे मैंने,
दातार कई देखे मैंने,
यूँ झोली भरता कोई नहीं,
जग घुम लिया सारा मैंने,
तेरे जैसा कोई और नहीं।।



जग घूम लिया सारा मैंने,

तेरे जैसा कोई और नहीं,
दातार कई देखे मैंने,
दातार कई देखे मैंने,
यूँ झोली भरता कोई नहीं,
जग घुम लिया सारा मैंने,
तेरे जैसा कोई और नहीं।।

Singer : Uma Lahari


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