हारे के साथी कहाते हो श्याम भजन लिरिक्स

हारे के साथी कहाते हो श्याम,
मेरी लाज क्यों ना बचाते हो श्याम,
सुना हमने बिगड़ी बनाते हो श्याम,
मेरी लाज क्यों ना बचाते हो श्याम,
हारें के साथी कहाते हो श्याम,
मेरी लाज क्यों ना बचाते हो श्याम।।

तर्ज – आँखों में नींदें।



साथ निभाते हो सदा तुम गरीबो का,

थामते हो हाथ सदा बदनसीबों का,
नाव है मेरी सांवरे भंवर,
माझी ना कोई मेरा हमसफ़र,
अश्क भी हमारे कहते हैं ये ही श्याम,
हारें के साथी कहाते हो श्याम,
मेरी लाज क्यों ना बचाते हो श्याम।।



भीलनी के बेर भी आये थे खाने,

द्रौपदी का चीर भी आये थे बढ़ाने,
ऐसी क्या कमी मेरे प्यार में,
बीते ज़िन्दगी इंतज़ार में,
दिल में अब हमारे उठते यही सवाल,
हारें के साथी कहाते हो श्याम,
मेरी लाज क्यों ना बचाते हो श्याम।।



सोई है तक़दीर भी हँसता है ज़माना,

हर कदम पे लड़खड़ाए तेरा दीवाना,
कह रहा ‘मोहित’ आ जाओ गोपाल,
मुश्किलों में है आज तेरा लाल,
बात मेरी रखने आते क्यों नहीं श्याम,
हारें के साथी कहाते हो श्याम,
मेरी लाज क्यों ना बचाते हो श्याम।।



हारे के साथी कहाते हो श्याम,

मेरी लाज क्यों ना बचाते हो श्याम,
सुना हमने बिगड़ी बनाते हो श्याम,
मेरी लाज क्यों ना बचाते हो श्याम,
हारें के साथी कहाते हो श्याम,
मेरी लाज क्यों ना बचाते हो श्याम।।

Singer – Anjali Dwivedi


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