दीनों का दीनानाथ हारे का सहारा है भजन लिरिक्स

दीनों का दीनानाथ,
हारे का सहारा है,
खाटू में जो बैठा,
बाबा श्याम हमारा है।।

तर्ज – खाटू का तोरण द्वार।



जग से हुए हारे का,

साथी बन जाता है,
साथी बनकर उसको ये,
जीत दिलाता है,
भक्तों के सब दुखड़े-2,
पल भर में मिटाता है,
दीनो का दीनानाथ,
हारे का सहारा है।।



डूबती हुई नैया का,

मांझी बन जाता है,
जब याद करो इसको,
लीले चढ़ आता है,
ये अपने हाथों से-2,
पतवार चलाता है,
दीनो का दीनानाथ,
हारे का सहारा है।।



रोती हुई आंखों में,

खुशियां ये लाता है,
आंखों को पोछकर ये,
गले लगाता है,
ये दिलीप भी इसकी-2,
महिमा को गाता है,
दीनो का दीनानाथ,
हारे का सहारा है।।



दीनों का दीनानाथ,
हारे का सहारा है,
खाटू में जो बैठा,
बाबा श्याम हमारा है।।

लेखक / प्रेषक – दिलीप अग्रवाल
8077125279

वीडियो उपलब्ध नहीं।


 

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