तल्या वाड़ी उपर वृष पीए माली छाप मंजारा लिरिक्स
तल्या वाड़ी उपर वृष पीए, माली छाप मंजारा, फूलों री बंदी है वासना, लोक तीन सुधारया, असत कूड़ कम बोलिए,...
Read moreDetailsतल्या वाड़ी उपर वृष पीए, माली छाप मंजारा, फूलों री बंदी है वासना, लोक तीन सुधारया, असत कूड़ कम बोलिए,...
Read moreDetailsम्हारा चारभुजा रा नाथ, म्हारा कोटड़ी रा श्याम, मांगू जो तो सगळो दीजो, जोडूं दोनो हाथ।। देखे - बन्नो मारो...
Read moreDetailsअलख निरंजन अद्भुत माया, जाणें ना इंसान तेरी, क्या करता के करदे पल में, कुदरत है भगवान तेरी।। एक समय...
Read moreDetailsगणेश आया रिद्धि सिद्धि लाया, भरया भण्डारा रहसी ओ राम, मिल्या सन्त उपदेशी, गुरु मायले री बाता कहसी ओ राम,...
Read moreDetailsसुख थोड़े दु:ख घने जगत में, भोग्या कष्ट सरे राणी, किस किस के दुःख दूर करे या, दुनिया दु:खी फिरे...
Read moreDetailsजोगन होय मैं जग ढूंढीओ, जोगीड़ो नहीं लाधो जोय, त्रिकुटी महल के गोखड़े, सहज मिलापा होय, अखियां रे आगे रेवो...
Read moreDetailsसैंस किलतारा हेली गले गया, गल गया है दश अवतार, एक नही छोड़यो इस, कूंट में म्हारी हेली, चुग लिया...
Read moreDetailsशंकर भोले कृपा कीजे, मैं आधीन तुम्हारा, भोले नाथ मुझ पर कृपा कीजो, मैं हू दास तुम्हारा।। चावल चंदन और...
Read moreDetailsअण घड़ीया देवा, कोई नहीं करे थारी सेवा।। घड़े हूए देवता ने, सब कोई पूजे, नित नित करता सेवा, पूरण...
Read moreDetailsबंदा मत करो गर्व गुमान, अमर नहीं रहणें की काया, रहणें की काया, अमर नहीं रहणें की काया, बंदा मत...
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