सज गयी खाटू नगरी शोभा अपरम्पार है भजन लिरिक्स
सज गयी खाटू नगरी, शोभा अपरम्पार है, बैठा सजधज के देखो, मेरा लखदातार है, उमड़ी जन्मदिवस पर, भगतों की कतार...
Read moreDetailsसज गयी खाटू नगरी, शोभा अपरम्पार है, बैठा सजधज के देखो, मेरा लखदातार है, उमड़ी जन्मदिवस पर, भगतों की कतार...
Read moreDetailsपावन ये द्वारा है, सबसे निराला है, तेरे चरणों में झुकता, संसार सारा है, मैं भी आया हूँ दरबार, माँ...
Read moreDetailsरह ना पाऊंगा श्याम मैं, रह ना पाऊंगा, मेरे मन की बातें बाबा, किसे बताऊंगा, रह ना पाऊँगा श्याम मैं,...
Read moreDetailsमुझे याद है वो दिन, दोहा - हम प्रेमी हैं श्याम के, गर्व से कहते हम, श्याम का प्रेमी बनूँ...
Read moreDetailsढाई अक्षर श्याम नाम का, करता बेडा पार है, इस कलयुग में खाटू वाले, तेरा ही आधार है, ढाईं अक्षर...
Read moreDetailsज्वाला माँ तेरा द्वारा, लागे है हमको प्यारा, पानी में जलती ज्वाला, इसका है भेद निराला, अकबर ने शीश झुकाया,...
Read moreDetailsबैठा हूँ आस लगाए, सरकार ना आए, अब थाम लो पतवार, बेड़ा पार हो जाए, बेड़ा पार हो जाए।। तर्ज...
Read moreDetailsजनम दिवस है आपका, मनाने को, हम सब हैं व्याकुल बड़े हुए।। तर्ज - जनम जनम का साथ है। इस...
Read moreDetailsतेरे खाटू की मिटटी है जादू भरी, जो भी माथे लगाया गज़ब हो गया, जिसको मालूम ना था तू रहता...
Read moreDetailsजबसे मैं जुड़ी हूँ दर से, तब से खुशियां नभ से बरसे, मेरे श्याम मेरे गिरधर, मेरे साथ यूँ ही...
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