ओ झुँझन वाली माँ क्या खेल रचाया है भजन लिरिक्स
ओ झुँझन वाली माँ, क्या खेल रचाया है, तू प्यार का सागर है, तू मन का किनारा है, ओ झुँझण...
Read moreDetailsओ झुँझन वाली माँ, क्या खेल रचाया है, तू प्यार का सागर है, तू मन का किनारा है, ओ झुँझण...
Read moreDetailsजगत सेठाणी म्हारी, दादी माँ कुहावे, मोटी ये सेठाणी म्हारी, नारायणी कुहावे, जो भी मंगल करावे, जो भी चुनड़ी चढ़ाए,...
Read moreDetailsओ मैया मैं तुम्हारा, लगता नहीं कोई, पर जितना किया तुमने, करता नहीं कोई, ओ मईया मैं तुम्हारा, लगता नहीं...
Read moreDetailsदादी नाचण दे तेरे भक्ता ने, तेरो खूब सज्यो श्रृंगार, दादी नाचण दें, कीर्तन माहि आज छा गई, कीर्तन माहि...
Read moreDetailsमैया री एक भाई दे दे दे दे, ना तो मैं मर जांगी, मेरे दर्द की दवाई दे दे दे...
Read moreDetailsजग रूठे पर मुझसे मेरी माँ ना रूठे, और जियूँ मैं जब तक, माँ तेरा दरबार ना छुटे, जग रूठें...
Read moreDetailsआनो तो मात थाने पड़सी, कद आवोला या बोलो, दर्शन तो मात देणो पड़सी२, कद देवोला या बोलो।। तर्ज -...
Read moreDetailsआ गया दर पे तुम्हारे, लेके यह विश्वास माँ, दरश की मेरी तमन्ना, कर दो पूरी आस माँ, आ गया...
Read moreDetailsतुमसा नहीं माँ कोई, और वरदानी, मेरी माँ भवानी, मेरी माँ भवानी।। तर्ज - मुझे और जीने की। दिल की...
Read moreDetailsऊँचे पहाड़ों वाली माँ, ओ मैया शेरोवाली, दुर्गे भवानी मैया, आया रुत सावन का, ओ मैया माता रानी, सुन ले...
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