ये पाप नसावन पर्वत है पावन महिमा कामतानाथ की
ये पाप नसावन, पर्वत है पावन, श्री राम विराजे, लगता मनभावन, कैसे आयेंगे जीवन में, खुशियों के पल, कामतानाथ आके...
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ये पाप नसावन, पर्वत है पावन, श्री राम विराजे, लगता मनभावन, कैसे आयेंगे जीवन में, खुशियों के पल, कामतानाथ आके...
भेरुजी प्रकटिया प्रगटिया, नदी गोमती माय, परचो दिखायो, जुग में आईने हो जिओ।। भेरू जी होया होया तेजो बा री...
मेरे अंग संग है श्यामा, तो फिर डर काहे का, काहे का जी काहे का, काहे का जी काहे का,...
जो शिव भोले की, भक्ति में रम जाएगा, हँसते हँसते, भवसागर तर जाएगा।। jo shiv bhole ki bhakti me ram...
वैकुण्ठ के सुख छोड़कर, भक्तो के पीछे दौड़कर, हो साथ फिरते दर-ब-दर, प्रिय राधावर प्रिय राधावर, प्रिय राधावर प्रिय राधावर।।...
जब तक साँसे चलेगी, हिन्दू जगाता रहूँगा, सेवा मुझे दी राम ने, सेवा मैं करूँगा, सेवा मुझे दी श्याम ने,...
ऐ श्याम तेरा दरबार, बड़ा प्यारा लागे, मैं भूल गई संसार, मैं भूल गई संसार, बड़ा प्यारा लागे, ऐ श्याम...
किस्मत को मेरी आज, बना क्यों नहीं देते, बालक जो समझते हो तो, अपना जो समझते हो तो, बता क्यों...
शिव थारी जय बोलो, दोहा - शिव समान दाता नही, तो विपत विदारण हार, लज्जा मोरी राख जो, शिव बैलन...
मेरे मन में बस गयी है, मोहन छवि तुम्हारी, नैनो में कैसा जादू, मुस्कान कितनी प्यारी, मेरे मन में बस...
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