अरे खम्मा पीरजी,
रूनीचा नगरी में थे तो,
बिराजीया ओ रामसा,
धोरा री धरती मे थे तो,
बिराजीया रूनीचा वाला,
आवो आवो लीले असवारी,
म्हारा अजमल कंवरा,
वारी म्हारा ओ मैणादे रा लाला,
भगतों रे बुलाया,
वेगा आवजो ओ रामसा,
सेवकीया बुलावे वेगा,
आवजो रूनीचे वाला।।
अरे खम्मा रूनीचे वाला,
भादवा री बीज ने
भल पधारीया ओ रामाधणी,
कुंकुम रा पगल्या,
मांड्या आंगने रे कंवर सा,
लियो लियो अजमल घर,
अवतार म्हारा अजमल कंवरा,
तार म्हारा मैणादे रा लाला,
सेवकीया बुलावे वेगा,
आवजो रामधणी,
भगता ने दर्शन थेतो,
देवजो रुनीचे वाला।।
अरे खम्मा पीरजी,
जगमग ज्योता देवल,
जागती रुनीचे वाला,
ढोल ने नगाड़ा,
बाजे नोपता रुनीचे वाला,
धूपा रे धमरोले वेगा,
आवो म्हारा नेजाधारी,
आवो म्हारा भगतो रा हितकारी,
सेवकीया बुलावे वेगा,
आवजो रामसा,
भगतों रे हलकारे वेगा,
आवजो रूनीचे वाला।।
अरे खम्मा रूनीचे वाला,
पग पग परचा,
कहीजे आपरा रुनीचे वाला,
कलयुग में परचा कहीजे,
आपरा ओ रामाधणी,
महीमा रो पायो कोनी पार,
म्हारा ओ अजमल कंवरा,
पार म्हारा ओ मैणादे रा लाला,
सेवकीया बुलावे वेगा,
आवजो रुनीचे वाला,
भगतो ने दर्शन,
थेतो देवजो रामधणी।।
अरे खम्मा पीरजी,
रूनीचा नगरी में बनीयो,
देवरो रामधणी,
धोरां री धरती मे चमके,
चांदनो रूनीचे वाला,
आवो आवो भगतों वाली,
वेल म्हारा अजमल रा कंवरा,
वेल म्हारा ओ मैणादे रा लाला,
भगत बुलावे वेगा,
आवजो रामसा,
सेवकीया तो जोवे,
बाटा आपरी रूनीचे वाला।।
अरे खम्मा पीरजी,
उत्तम शंकर जी आया,
देवरे म्हारा बाबा,
मणनावास सु पैदल,
आवे देवरे रामसा,
मनीष सीरवी लिखे चरना माय,
म्हारा अजमल रा कंवरा,
माय म्हारा ओ मैणादे रा लाला,
भवानी कोलू वालो,
गावे भाव सु रूनीचे वाला,
भगतो ने दर्शन थे तो,
देवजो रामसा।।
अरे खम्मा पीरजी,
रूनीचा नगरी में थे तो,
बिराजीया ओ रामसा,
धोरा री धरती मे थे तो,
बिराजीया रूनीचा वाला,
आवो आवो लीले असवारी,
म्हारा अजमल कंवरा,
वारी म्हारा ओ मैणादे रा लाला,
भगतों रे बुलाया,
वेगा आवजो ओ रामसा,
सेवकीया बुलावे वेगा,
आवजो रूनीचे वाला।।
🎤 गायक / Singer – भवानी सिंह जी राजपुरोहित(कोलू)
✍️ लेखक / Lyrics – मनीष सीरवी (रायपुर जिला ब्यावर राजस्थान)








