तर्ज – उड़जा काले कावा
आ दुखड़े मिटा माता।।
आ दुखड़े मिटा माता।।
आ दुखड़े मिटा माता।।
आ दुखड़े मिटा माता।।
तर्ज – उड़जा काले कावा
आ दुखड़े मिटा माता।।
आ दुखड़े मिटा माता।।
आ दुखड़े मिटा माता।।
आ दुखड़े मिटा माता।।
किसको कहूँ मैं अपना, किसको कहूँ पराया, हर एक शख्स ने है, हर एक शख्स ने है, दिल मेरा दुखाया,...
ओ मस्त नजर वाले, तेरी याद सताती है, हिचकी पे चली हिचकी, इसे देख के आती है, ओ मस्त नजर...
कितना सोणा तुम्हे, भक्तों ने सजाया, ओ कितना प्यारा ये, दरबार लगाया, जी करे देखती रहूं।। तर्ज - कितना प्यारा...
आओ मैया एक बार, हमारे घर आ जाओ, आप भी आओ बाबा, भैरव जी को लाओ, संग लेकर हनुमान, हमारे...
तुम्हारी मेरी बात, के जानेगो कोई, है कितनी दफाई, ये पलका भिगोई, तुम्हारी मेरीं बात।। तर्ज - गरीबों की सुनो।...
जख्मी दिल ये पुकारे, सुनले हारे के सहारे। दोहा - वार किये है अपनों ने, सबने किया किनारा, डगमग नैया...
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Good.
बहुत शानदार लगा है | अति सुंदर है |