दरबार तुम्हारे आया हूँ,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा,
दरबार तुम्हारें आया हूं,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा,
दुनिया का मैं ठुकराया हूँ,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा,
दरबार तुम्हारें आया हूं,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा।bd।
तर्ज – आवारा हवा का झोंका।
सारी दुनिया तो रंगी है,
पल पल में रंग बदलती है,
इस दुनिया का मैं सताया हूँ,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा,
दरबार तुम्हारें आया हूं,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा।bd।
जिस पर मैंने विश्वास किया,
उसने ही मुझको दगा दिया,
अपनों का मैं तड़पाया हूँ,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा,
दरबार तुम्हारें आया हूं,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा।bd।
तुम सबकी विनती सुनते हो,
तुम सबकी झोली भरते हो,
मैं खाली झोली लाया हूँ,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा,
दरबार तुम्हारें आया हूं,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा।bd।
दरबार तुम्हारे आया हूँ,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा,
दरबार तुम्हारें आया हूं,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा,
दुनिया का मैं ठुकराया हूँ,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा,
दरबार तुम्हारें आया हूं,
मेरा हाथ पकड़ लेना बाबा।bd।
Singer / Composer – Rakesh Ji Kala








