लिख लिख अरजी भेजू रुणीजे भजन लिरिक्स
लिख लिख अरजी भेजू रुणीजे, दोहा - अर्जी लिखूं में आपने, और सुनजो रामा पीर, हेलो सुनने आवजो, बाबा धरो...
लिख लिख अरजी भेजू रुणीजे, दोहा - अर्जी लिखूं में आपने, और सुनजो रामा पीर, हेलो सुनने आवजो, बाबा धरो...
थाने काई काई कह, समझाऊँ म्हारा बाला गिरधारी, पूर्व जनम री प्रीति हमारी, अब नहीं जात निवारी, थाने कांई कांई...
ये खाटू वाला मेरा है, मेरा है, खाटू मेरा ठिकाना, ये लीले वाला मेरा है, मेरा है, खाटू मेरा ठिकाना,...
मेरे सांवरिया नैन जरा अब खोल, बिकने आया दर पे तेरे, क्या देगा तू मोल, मेरे सावरिया नैन जरा अब...
ऐ जी श्याम थारी नगरी में, दीवाना आ गया, ए जी श्याम जी, ओ जी बाबा श्याम।। थारी धुन में...
हर बार मैं खुद को, लाचार पाता हूँ, तेरे होते क्यों बाबा, मैं हार जाता हूँ, हर बार मै खुद...
जुलमण बंसी, बाजी आधी रात, नींदडली बैरन, हो गयी जी म्हारा राज, मन में घूमे, मनड़े हाली बात, नींदडली बैरन,...
ओ कान्हा रे आजा रे, मुझे कुछ हो रहा है, कहाँ तू सो रहा है, याद में तेरी कब से,...
अधरो पे धर के बंसी, किसको सुना रहे हो, इतना बता दे मोहन, किसको लुभा रहे हो।। तर्ज - फूलों...
मेरे श्याम से बढ़कर दुनिया में, मैंने देखा कोई और नहीं, मैं श्याम का दीवाना हूँ, मेरा दुनिया में कोई...
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