म्हारे उत्सव री बेला,
थे तो आया रीझो जी,
बाबा थारे बिन,
म्हारे जागरण में,
रंग नहीं आवेलो,
खाटू बैठा थे घुड़ले ने,
संभाल लीजो जी,
म्हारें उत्सव री बेला,
थे तो आया रीझो जी।।
बाबा थारे ही ऊपर सारा,
गाजा बाजा है,
म्हारी लाज बचाणी,
इब तो बाबा,
थारे हाथां है,
रोटी खाता हो तो पानी,
अठे आए पीजो जी,
म्हारें उत्सव री बेला,
थे तो आया रीझो जी।।
म्हारा साथिड़ा ओले छाने,
बात बनावे है,
म्हारो नाजुक मनड़ो कांचो,
यो आंसू ढलकावे है,
म्हाने हीवड़े से आके,
लगाय लीजो जी,
म्हारें उत्सव री बेला,
थे तो आया रीझो जी।।
बाबा श्याम मंडल का,
टाबर थाने भजन सुनावे है,
म्हारा खाटू रा सरदार,
थारी ओल्यु आवे है,
म्हारी नैया ने पार,
लगाय दीजो जी,
म्हारें उत्सव री बेला,
थे तो आया रीझो जी।।
थारा घूंघर वाला बाल,
जाकी छटा निराली है,
थे छो भक्तां रा आधार,
थारी लीला न्यारी है,
म्हारें जागरण में आए,
रंग बरसाय दीजो जी,
म्हारें उत्सव री बेला,
थे तो आया रीझो जी।।
थे हो अहिलवती रा लाल,
थारी माया न्यारी है,
सुन लो भक्तां री पुकार,
थासू अर्ज गुजारी है,
‘मोती पवन’ ने चरणां से,
लिपटाय लीजो जी,
म्हारें उत्सव री बेला,
थे तो आया रीझो जी।।
म्हारे उत्सव री बेला,
थे तो आया रीझो जी,
बाबा थारे बिन,
म्हारें जागरण में,
रंग नहीं आवेलो,
खाटू बैठा थे घुड़ले ने,
संभाल लीजो जी,
म्हारें उत्सव री बेला,
थे तो आया रीझो जी।।
Singer – Rahul Sharma “Sirdara”
Upload By – Kishan Lal Teli
8401282509








