कुछ बोलो तो मेरे श्याम धनी,
अब तो बाबा कुछ नज़र करो,
ना रह पाऊँ ना कह पाऊँ,
दुनिया के ताने सुन सुन कर,
मैं हार गया,
कुछ बोलों तो मेरे श्याम धणी।।
तर्ज – चलों छोड़ो भी।
जब जब मैंने तुझको पुकारा,
मैं माना तूँ आया,
जब जब मैंने रोना चाहा,
आँसू ना बह पाया,
हरदम साया मेरा बन कर,
तूने साथ निभाया,
इतना क्या कम है ओ मेरे बाबा,
तुम बोलो,
कुछ बोलों तो मेरे श्याम धणी।।
तुम ही मुझसे रूठ गए तो,
किस से बात करूँ मैं,
जी उठा था मैं तुम से मिलकर,
तुम जो है तो हूँ मैं,
मुझसे यूँ नज़रे ना फेरना,
कभी कृपा ना हटाना,
वरना बाबा क्या होगा मेरा,
तुम बोलो,
कुछ बोलों तो मेरे श्याम धणी।।
ये कहना ‘यश’ का मेरे बाबा,
तुम्हें सोचना होगा,
रीझा रीझा कर तुम्हें मनाया,
हाथ पकड़ना होगा,
तेरे भरोसे जीवन मेरा,
तुझे समझना होगा,
माना मेरे जैसे लाखो फिर भी,
अपना लों,
कुछ बोलों तो मेरे श्याम धणी।।
कुछ बोलो तो मेरे श्याम धनी,
अब तो बाबा कुछ नज़र करो,
ना रह पाऊँ ना कह पाऊँ,
दुनिया के ताने सुन सुन कर,
मैं हार गया,
कुछ बोलों तो मेरे श्याम धणी।।
Singer – Yash Gupta
7060520709








