नगरी हो उज्जैन जैसी क्षिप्रा का किनारा हो
नगरी हो उज्जैन जैसी, क्षिप्रा का किनारा हो, और चरण हो महाकाल के, जहां मेरा ठिकाना हो।। तर्ज - नगरी...
Read moreDetailsनगरी हो उज्जैन जैसी, क्षिप्रा का किनारा हो, और चरण हो महाकाल के, जहां मेरा ठिकाना हो।। तर्ज - नगरी...
Read moreDetailsअब कभी मुझसे रूठे नहीं, ऐसी किस्मत सजा दीजिए, हे महाकाल राजा मुझे, अपने दर पे बुला लीजिए।। रंग लाती...
Read moreDetailsभोलेनाथ जी का डमरू, दिन रात बज रहा है, भक्तों का पार बेडा, हाथों हाथ कर रहा है, भोले नाथ...
Read moreDetailsहर जनम तेरा होके रहूं शंकरा, तू चाहे वही मैं करुं शंकरा, हर जन्म तेरा होके रहूं शंकरा।। मैं कही...
Read moreDetailsभूतनाथ के द्वार पे जो भी, अपना शीष झुका देता है, चिंताओं की सारी लक़ीरें, चिंताओं की सारी लक़ीरें, बाबा...
Read moreDetailsखबर मेरी ले लेना, उज्जैन के महाकाल।bd। ऊँचा है नाम बाबा ऊँची है महिमा, संग विराजे हरसिद्धि मैया, हमें दे...
Read moreDetailsतेरे दर पे आ तो गया हूँ, राह दिखा दे मुझको काबिल कर दे, दुखियन पे किरपा करो करूँ तेरी...
Read moreDetailsबिछिआ दिला दो भोलेनाथ, बस मैं यही लूंगी।। हरवा तो मैं पहन के आयी, हरवा तो मैं पहन के आयी,...
Read moreDetailsकालो के काल है, मृत्यु के है वो राजा, भस्मी लगाएं बाबा, उज्जैन के वो राजा।। दीदार करना चाहूं, दर्शन...
Read moreDetailsमैं शिव का हूँ शिव मेरे है, मैं और क्या मांगू शंकर से, मेरे मन में उनके डेरे है, मैं...
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