दादी इतनी किरपा करिये दर पे आवता रवा भजन लिरिक्स
दादी इतनी किरपा करिये, दर पे आवता रवा, मैं तो थारे दरबार से, माँ मांगता रवा।। तर्ज - थारे सेठ...
Read moreDetailsदादी इतनी किरपा करिये, दर पे आवता रवा, मैं तो थारे दरबार से, माँ मांगता रवा।। तर्ज - थारे सेठ...
Read moreDetailsमाँ को जो भी पुकारेगा मन से, दौड़ी आयेंगी मैया जतन से।। सबका जीवन संवारेगी माता, माता होती कभी न...
Read moreDetailsलाल लाल चोला सिंह सवारी, दोहा - तू तो माँ दानी, अम्बे भवानी, सच्चा तेरा दरबार है, तीनो लोक माँ...
Read moreDetailsआ जाओ माँ जगदम्बे, तेरे भगत खड़े तेरे द्वार, पुकारें तुमको बारम्बार, आ जाओ मां जगदम्बे।। तर्ज - आजा रे...
Read moreDetailsहर बार मैं खुद को, लाचार पाती हूँ, तेरे होते क्यों दादी, मैं हार जाती हूँ, तेरे होते क्यो दादी,...
Read moreDetailsले दादी को नाम, काम तेरो बण जासी, दादी ने सूमर के चाल, तेरे आड़ी आसी।। तर्ज - ले श्याम...
Read moreDetailsसेवा में दादी थारी, मैं तो रम जाऊं माँ, थे जइयाँ म्हणे बनाओगा, वइयाँ बन जाऊं माँ, सेवा मे दादी...
Read moreDetailsआजा भवानी एक बार, मैं तो कब से खड़ा हूँ, तेरे द्वार पर, आजां भवानी एक बार।। तर्ज - तुझको...
Read moreDetailsबनु दास जनम जनम तक, यो ही आयो मांगने, मैया थारै आंगणे, मैया थारै आंगणे।। तर्ज - कानुड़ा की याद...
Read moreDetailsपार करो मेरा बेड़ा भवानी, पार करो मेरा बेडा, छाया घोर अँधेरा भवानी, पार करो मेरा बेडा।। गहरी नदियाँ नाव...
Read moreDetails© 2016-2025 Bhajan Diary