मैं श्याम नाम जपूँ जग जानता भजन लिरिक्स

मैं श्याम नाम जपूँ जग जानता भजन लिरिक्स

मैं श्याम नाम जपूँ जग जानता, श्याम बिना दिल नहीं लगता, कभी चाँद तो कभी सूरज सा, सांवरे का मुखड़ा चमकता।। तर्ज – तितलियाँ। पता नहीं जी कैसा वो, श्रृंगार करता है, देखने को मुखड़ा, बार बार करता है, छुप …

पूरा भजन देखें

error: कृपया प्ले स्टोर से भजन डायरी एप्प इंस्टाल करे